यह टैग पेज उन खबरों और अलर्टों का संग्रह है जिनमें "भारी बारिश" सीधे या अप्रत्यक्ष रूप से असर डालती है। यहाँ आप ताज़ा मौसम अद्यतन, लोकल अलर्ट और घटनाओं की रिपोर्ट पाएँगे — जैसे उत्तर प्रदेश के कई जिलों में तेज़ आंधी-बारिश और धूल भरी हवाओं के कारण जारी चेतावनी। हमारी कवरेज में ताज़ा जानकारी, राहत कार्य और प्रभावित इलाकों की रिपोर्ट शामिल होती हैं।
जब कोई भारी बारिश की खबर या अलर्ट आता है, तो ये बातें तुरंत ध्यान दें: स्थानीय मौसम विभाग (IMD) या राज्य आपदा प्रबंधन का अलर्ट, किसी इलाके में जलभराव या नदी के पार बहाव की सूचनाएँ, और सड़कों/ट्रैन/फ्लाइट्स पर असर। हमारे लेखों में ये बातें साफ़ दिखती हैं—कहाँ प्रभावित है, किन इलाकों में निकासी हो रही है और कौनसी सेवाएँ प्रभावित हैं।
हमारी साइट पर प्रकाशित खबरें आपको बताएँगी कि स्थानीय प्रशासन ने क्या कदम उठाए, स्कूल-ऑफिस बंद हैं या नहीं, और यात्रियों के लिए खास निर्देश क्या हैं। ऐसे अलर्ट पढ़कर आप तय कर सकते हैं कि यात्रा टालनी है या रेंज परिवर्तन करना है।
भारी बारिश से पहले और दौरान क्या करें? यहाँ सीधे, practical कदम हैं जिन्हें तुरंत लागू कर सकते हैं: घर के इलेक्ट्रिक प्लग और स्विच ऊँचे स्थान पर रखें या पानी से बचाएँ; जरूरी दस्तावेज और दवाईयों को वाटरप्रूफ बैग में रखें; मोबाइल चार्जर और पॉवर बैंक साथ रखें; निचली मंजिल पर पानी आने का खतरा हो तो ऊपरी मंजिल पर अस्थायी व्यवस्था करें।
सड़क पर हो तो पानी जमा जगहों से बचें। कभी भी पानी भरे रास्ते में गाड़ी से ड्राइव न करें — छोटे वाहन में भी पानी इंजन खराब कर सकता है और वाहन बह सकता है। अगर पानी घर में तेज़ी से बढ़ रहा है तो बिजली का main switch ऑफ कर दें और ऊँचे स्थान पर चले जाएँ।
आपातकालीन किट में टॉर्च, रेडियो (बैटरी/पोर्टेबल), प्राथमिक औषधियाँ, सूखा खाना, पानी की बोतलें और व्यक्तिगत दस्तावेज रखें। स्थानीय helpline और पुलिस/आपदा कंट्रोल रूम के नंबर अपने फोन में सेव रखें — और जरूरत पड़ने पर 112 का उपयोग करें।
बारिश के बाद भी सावधान रहें: बदहाल सड़कें, ढहे पेड़, टूटे बिजली के तार और पानी जमा होने से संक्रमण का खतरा बढ़ता है। पानी निकासी के बाद जब घर लौटें तो साफ-सफाई और पानी के स्रोतों की जाँच ज़रूरी है। हमारे ताज़ा लेखों में अक्सर स्थानीय राहत कार्य, प्रशासनिक निर्देश और सुरक्षित वापसी की जानकारी दी जाती है — इन्हें नियमित देखें।
यदि आप स्थानीय तौर पर प्रभावित हैं तो हमारी खबरों के साथ बने रहें। हम आपको समय पर अपडेट देंगे, ताकि आप सही फैसला ले सकें और सुरक्षित रह सकें।
मुंबई में 18 जून 2025 को हुई जबरदस्त बारिश ने गर्मी से राहत तो दी, लेकिन कई इलाकों में जलभराव और ट्रैफिक की चुनौतियाँ सामने आईं। अगले हफ्ते उमस बढ़ने की संभावना है। मौसम विभाग ने नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है।