जब दिग्वेश राठी, मिस्ट्री स्पिनर ने आईपीएल 2026 में अपनी शुरुआत की, तो कोई नहीं सोच रहा था कि इस सीजन का सबसे बड़ा विवाद उनके नाम से जुड़ेगा। यह कहानी सिर्फ एक खिलाड़ी की नहीं, बल्कि लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) के पूरे प्रबंधन, अंपायरिंग निर्णयों और मैदान पर हुए फील्डिंग गलतियों की है। राठी के चारों ओर घूमने वाली ये तीन घटनाएं टूर्नामेंट को आग लगाती रहीं।
सबसे पहले टीम सिलेक्शन का सवाल उठा। दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ मुकाबले में राठी को बाहर रखने पर पूर्व Royal Challengers Bangalore के बल्लेबाज अभिनव मुकुंद ने तीखा तंज कसा। उन्होंने कहा कि LSG ने सात बल्लेबाज और सिर्फ चार गेंदबाज भेजे, जबकि राठी जैसे महत्वपूर्ण स्पिनर को बाहर रखा गया। "यह निर्णय समझ से परे है," मुकुंद ने कहा, खासकर इसलिए क्योंकि टीम ने पिछले साल रवि बिश्नोई को छोड़कर राठी पर भरोसा जताया था।
टीम संतुलन और स्पिन अटैक की कमजोरी
मुकुंद की बात में दाना-दाना सच्चाई थी। उस दिन लखनऊ का स्पिन अटैक पूरी तरह से असफल रहा। शाहबाज़ अहमद ने एक ओवर में 16 रन दिए, मार्क्रम ने 13 रन, जबकि अब्दुल सामद की एक ही गेंद छक्के पर गई। राठी की अनुपस्थिति में दिल्ली के बल्लेबाजों ने आसानी से भागीदारी बनाई। राठी के डेब्यू सीजन में 13 मैचों में 14 विकेट और 8.25 की इकोनॉमी रेट के साथ उनकी प्रदर्शन काफी प्रभावशाली रहा था, जिसके बाद उन्हें बाहर रखना टीम के लिए भारी पड़ा।
एडन गार्डन में 'सीमा रेखा' विवाद
लेकिन सिलेक्शन विवाद से भी बड़ा झटका KKR vs LSG matchEden Gardens, Kolkata में आया। 9 अप्रैल को कोलकाता के एडन गार्डन में खेले गए इस मैच में, KKR के ओपनर Finn Allen ने प्रिंस यादव की गेंद पर पुल शॉट खेलने की कोशिश की। गेंद ऊंची उड़ी और दीग्वेश राठी की तरफ गई, जो डीप थर्ड मैन में खड़े थे।
राठी ने बॉर्डर लाइन पर क्या लगातारा दिखाया? रिप्ले में यह साफ़ नहीं था कि उनका बायां पैर सीमा रेखा को छू रहा था या नहीं। अगर पैर रेखा को छूता, तो कैच वैध नहीं होता और एलन को छक्का मिलता। फिर भी, थर्ड अंपायर K N Anant Padmanabhan ने एलन को आउट कर दिया। यह निर्णय KKR के लिए निराशा का कारण बना और पूरे टूर्नामेंट में अंपायरिंग मानकों पर सवाल उठाए गए। क्रिकेट के नियमों के अनुसार, ऐसे संदेहात्मक मामलों में अंपायरों को सावधान रहना चाहिए, लेकिन यहाँ निर्णय स्पष्ट रूप से विवादास्पद रहा।
फील्डिंग गलतियाँ और प्लेऑफ से बाहर
विवादों का सिलसिला यहीं खत्म नहीं हुआ। 10 मई को चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के खिलाफ खेले गए मैच में LSG ने अपना आठवां हार दर्ज किया, जिससे वे प्लेऑफ से बाहर हो गए। इस मैच में दिग्वेश राठी और निकोलस पूयरान ने महत्वपूर्ण कैच छोड़े। Urvil Patel, जिसे डिस्मिस किया जाना चाहिए था, ने 23 गेंदों में 65 रन बनाए, जिसमें 2 चौके और 8 छक्के शामिल थे। शिवम दुबे ने अंतिम ओवर में दो छक्के लगाकर CSK को जीत दिलाई।
कप्तान Rishabh Pant ने हार के बाद फील्डिंग की गलतियों पर नाराजगी जाहिर की। "ये छोटे-छोटे क्षण मैच बदल देते हैं," पंत ने कहा। LSG के लिए यह सीजन निराशाजनक रहा, जहाँ सिलेक्शन, अंपायरिंग और फील्डिंग तीनों ही क्षेत्रों में टीम को चुनौती का सामना करना पड़ा।
विश्लेषण: क्या था LSG का सबसे बड़ा गलती?
- सिलेक्शन नीति: राठी को बाहर रखकर टीम ने स्पिन अटैक को कमजोर किया, जिसका नुकसान दिल्ली के खिलाफ मैच में साफ़ दिखा।
- अंपायरिंग निर्णय: एडन गार्डन में लिया गया कैच निर्णय टूर्नामेंट में सबसे बड़ा विवाद बना, जिसने KKR और LSG दोनों के बीच तनाव बढ़ाया।
- फील्डिंग लैप्स: CSK के खिलाफ मैच में छोड़े गए कैच सीधे तौर पर मैच के परिणाम को प्रभावित करते हैं।
दिग्वेश राठी का सीजन LSG की बड़ी समस्याओं का प्रतिनिधित्व करता है। एक तरफ जहाँ वह अपने प्रदर्शन के आधार पर टीम में स्थान बनाने की कोशिश कर रहे थे, वहीं दूसरी तरफ टीम के प्रबंधन और मैदान पर हुई गलतियों ने उनके प्रयासों को धुंधला दिया। आगे के सीजन में LSG को इन सबक को लेकर अग्रसर होना होगा।
Frequently Asked Questions
दिग्वेश राठी को दिल्ली के खिलाफ मैच में क्यों बाहर रखा गया?
टीम प्रबंधन ने उस मैच के लिए सात बल्लेबाज और चार गेंदबाज भेजे, जिससे स्पिन अटैक कमजोर पड़ा। अभिनव मुकुंद ने इस निर्णय पर सवाल उठाए, क्योंकि राठी ने पिछले सीजन में अच्छा प्रदर्शन किया था।
एडन गार्डन में फिन एलन का कैच विवाद क्यों हुआ?
रिप्ले में दिग्वेश राठी का पैर सीमा रेखा को छूता हुआ दिखाई दिया, जिससे कैच की वैधता पर सवाल उठे। हालाँकि, थर्ड अंपायर ने एलन को आउट कर दिया, जिससे KKR नाराजगी जाहिर की।
LSG का प्लेऑफ से बाहर होने का मुख्य कारण क्या था?
टीम ने कुल 11 मैचों में से 8 हारे, जिसमें फील्डिंग की गलतियाँ और सिलेक्शन की नीति प्रमुख कारण बनी। CSK के खिलाफ मैच में छोड़े गए कैच ने सीधे तौर पर परिणाम को प्रभावित किया।
दिग्वेश राठी के प्रदर्शन का LSG पर क्या प्रभाव पड़ा?
राठी के बाहर रहने से टीम का स्पिन अटैक कमजोर हुआ, जबकि उनके द्वारा किए गए कैच और फील्डिंग गलतियों ने टीम के लिए चुनौतियाँ पैदा कीं। उनका सीजन LSG की बड़ी समस्याओं का प्रतिनिधित्व करता है।